मुख्यमंत्री धामी ने दिए निर्देश—चेकिंग अभियान तेज़ हो, संवेदनशील स्थलों की सुरक्षा हो सुदृढ़
देहरादून: उत्तराखंड सरकार ने सीमाई क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए व्यापक एक्शन प्लान तैयार किया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सभी विभागों और अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह सतर्क और तैयार रहें। उन्होंने स्पष्ट किया कि राज्य की वर्तमान स्थिति सामान्य है, लेकिन सतर्कता बरतना समय की मांग है।
मुख्यमंत्री धामी की अध्यक्षता में मुख्यमंत्री आवास पर एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें केंद्र सरकार द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के आलोक में राज्य की तैयारियों की समीक्षा की गई। उन्होंने सीमाई जिलों, चारधाम यात्रा मार्गों और अन्य संवेदनशील स्थलों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए कई निर्देश जारी किए।
गहन चेकिंग अभियान और निगरानी
मुख्यमंत्री ने सीमावर्ती इलाकों में सघन चेकिंग अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं। चारधाम यात्रा मार्गों, धार्मिक स्थलों और संवेदनशील क्षेत्रों में CCTV कैमरे और ड्रोन के माध्यम से 24×7 निगरानी रखने को कहा गया है। आवश्यकता पड़ने पर CCTV कैमरों की संख्या भी बढ़ाई जाएगी।
फेक न्यूज और संदिग्धों पर कड़ी कार्रवाई
मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया पर फैलने वाली अफवाहों और फेक न्यूज पर कड़ी नजर रखने और त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। इसके अलावा, वेरिफिकेशन ड्राइव तेज़ करने और संदिग्ध व्यक्तियों की पहचान व सत्यापन को प्राथमिकता देने को कहा गया।
जरूरी वस्तुओं की उपलब्धता पर विशेष जोर
राज्यभर में खाद्यान्न, दवाइयां और मेडिकल उपकरणों की निरंतर उपलब्धता सुनिश्चित करने को भी मुख्यमंत्री ने अहम बताया। उन्होंने यह सुनिश्चित करने को कहा कि किसी भी परिस्थिति में आवश्यक वस्तुओं की कमी न हो।
सेना और सीमांत क्षेत्रों के लिए समर्थन
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार सैनिकों और उनके परिवारों के साथ हर परिस्थिति में खड़ी है। उन्होंने कहा कि सर्वधर्म सभाएं और पद यात्राएं आयोजित की जाएंगी जिससे सैनिकों का मनोबल बढ़ाया जा सके। उन्होंने कहा, “उत्तराखंड का हर परिवार सेना से जुड़ा है, यह हमारा दायित्व है कि हम सबका मनोबल बढ़ाएं।”
चारधाम यात्रा और हेली सेवाओं की निगरानी
मुख्यमंत्री ने सभी सचिवों को चारधाम यात्रा मार्गों का स्थलीय निरीक्षण करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि धार्मिक यात्राओं की सुरक्षा व्यवस्था मजबूत होनी चाहिए और हेली सेवाओं का संचालन भी सहज ढंग से जारी रहे।
सीमांत क्षेत्रों से संवाद और मॉक ड्रिल की योजना
राज्य सरकार सीमांत इलाकों में मॉक ड्रिल आयोजित करेगी और हर जिले में सायरन सिस्टम स्थापित करेगी, ताकि संभावित खतरों के लिए समय रहते चेतावनी दी जा सके। मुख्यमंत्री ने स्थानीय प्रशासन को सीमांत क्षेत्रों के लोगों से लगातार संवाद बनाए रखने के भी निर्देश दिए।
भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस नीति
मुख्यमंत्री धामी ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार की भ्रष्टाचार के प्रति ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि भ्रष्टाचार की किसी भी शिकायत को गंभीरता से लिया जाए और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि जनता को परेशान करने वाले किसी भी भ्रष्ट अधिकारी को बख्शा नहीं जाएगा।